My Best Friend Essay in Hindi

मेरा अच्छा दोस्त पर निबंध – My Best Friend Essay in Hindi

मित्रता एक रिश्ता है जो पारिवारिक या खून का रिश्ता नहीं होता परन्तु फिर भी परिवार के बाद हमारे सुख और दुःख में हमारे सच्चे दोस्त ही हमारा साथ देते है। आज की इस पोस्ट में हम आपके साथ Essay On Best Friend In Hindi में शेयर कर रहे है।

यदि आपको भी सच्चे मित्र पर हिंदी निबंध की तलाश है तो इस पोस्ट को लास्ट तक पढ़ना क्योंकि यहाँ पर हमने Short Essay On Friend In Hindi में शेयर किया है।

हालांकि आज के ज़माने में सच्ची दोस्ती मिल पाना बहुत ही मुश्किल है, परन्तु कोई ना कोई मित्र ऐसा होता है जो हमे दिल से चाहता है ऐसे ही मित्र को सच्चा दोस्त कहते है। सच्चे दोस्त हमारी हर तरह से मदद करते है, मुश्किल समय में हमारे साथ खड़े होते है। आइये आज में आपको अपने सच्चे मित्र पर हिंदी निबंध सुना रहा हूँ।

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मेरा अच्छा दोस्त पर छोटे तथा बड़े निबंध (Short and Long Essay on My Best Friend, Mera Achha Dost par Nibandh Hindi mein)

 Short Best Friend Essay In Hindi

मेरे सबसे अच्छे दोस्त का नाम लोकेश है। वो मेरा बहुत अच्छा दोस्त है, वो हर हालात सुख और दुःख में मेरे साथ होता है। वो मुझसे हमेशा बहुत अच्छा व्यवहार करता है और हमेशा मेरी मदद करता रहता है। में और बचपन से साथ में पढाई कर रहे है तब से हमारे बीच मित्रता है।

लोकेश मुझे बहुत अच्छे से समझता है क्योंकि हम बचपन से साथ खेले है, खाये है, पढ़े है और रहे है। वो मेरी हर जरुरत को पूरा करता है। में भी उसको बहुत ज्यादा पसंद करता हूँ क्योंकि इससे पहले मेरा इतना अच्छा दोस्त कभी नहीं बना था।

वो अक्सर हमारे घर आता-जाता रहता है। मेरे परिवार वाले भी उसको बहुत प्यार करते है तथा उसको मेरे भाई होने का दर्जा देते है। क्योंकि परिवार वाले भी हमारी दोस्ती को पसंद करते है। मेरा दोस्त लोकेश मेरे लिए अनमोल है, में उसे कभी खोना नहीं चाहता।

जब में किसी कारणवश स्कूल नहीं जा पाता तो मेरा दोस्त मेरे ग्रह कार्य और पढाई में मदद करता है, कि कल गुरूजी ने क्या-क्या पढ़ाया है।

वो मेरी प्रत्येक बात को आसानी से समझ जाता है। वो मुझसे कभी बहस नहीं करता है, हालांकि कोई बार छोटी-मोटी लड़ाई हो जाती है, पर हम दोनों ज्यादा देर तक बात किये बिगेर नहीं रह सकते। लोकेश स्वभाव से बहुत ही अच्छा है वो हमेशा बड़ो की इज्जत करता है।

वो पढाई में होशियार होने के साथ-साथ हंसी मजाक में भी पीछे नहीं रहता है। खाली समय में हम साथ में खेलते है। कठिन समय में हम अपना सुख-दुःख आपस में बांटते है और परीक्षा में हमेशा अव्वल आते है।

निबंध  Mere Priy Dost Nibandh

मेरे जीवन में हमेशा से एक सच्चा दोस्त रहा है जिसका नाम मनीष है। वो मेरे लिए बहुत ही खाश है क्योंकि हर मुश्किल समय में वो मेरे साथ खड़ा होता है। वो हमेशा मुझे सही रास्ता दिखाता है, अगर में गलत रास्ते भी चला जाता हूँ तो वो मुझे हल्का सा मार भी देता है परन्तु में उसका बुरा नहीं मानता क्योंकि वो मेरे सबसे अच्छा दोस्त है।

वो अपनी दिनचर्या में हमेशा व्यस्त रहता है परन्तु फिर भी मेरे लिए समय निकालता है। वो मेरे पास के ही दो मकान छोड़कर तीसरे मकान में रहता है। यही कारण है कि हम बचपन से सच्चे दोस्त है।

जब भी हमे स्कूल से Holidays मिलती है हम साथ में पिकनिक जाते है। हम दोनों की दोस्ती के कारण हमारे परिवारों में रिश्ते जैसा अहसास होता है। हमारी दोस्ती के कारण ही हमारे परिवार वाले और हम सभी त्यौहार को साथ में बड़े हर्ष और उल्लास के साथ मनाते है।

हमारे गांव में श्री राम जी का मंदिर है जहाँ पर प्रतिवर्ष मेला भरता है जिसमे रामलीला का आयोजन किया जाता है। मनीष और में दोनों रामलीला देखने साथ में जाते है तथा मेले में खूब सारी मस्ती करते है। हम दोनों स्कूल के कार्यक्रमों में हमेशा भाग लेते है तथा पढाई में भी हमेशा अव्वल आते है। हम दोनों अपने गुरुजनो एवं माता- आदर एवं सम्मान करते है।

हम दोनों को क्रिकेट खेलना बहुत ज्यादा पसंद है। जब हमारी स्कूल की छुट्टी हो जाती है तब हम घर जाकर खाना खाते है उसके बाद मैदान में क्रिकेट खेलने चले जाते है। वो मेरे लिए एक बेस्ट दोस्त होने के साथ-साथ एक बेहतरीन मार्गदर्शक भी है जो मुझे कठिन परिस्तिथियों में सही रास्ता दिखाता है।

वो मेरे बहुत ही खाश है क्योंकि उसके बिना मेरा मन ही नहीं लगता है जब हम स्कूल में लंच करते है तो हम भोजन आपस में मिल बांटकर खाते है। वो हमेशा वही कार्य करता है जो सही होते है, वो कभी गलत नहीं करता बल्कि गलत करने वाले को रोकता है। वो अपने दुःख के समय भी मुस्कराता है और समस्या का हल निकाल लेता है। वो अपने परिवार दादा-दादी, माता-पिता और मेरे माता-पिता और मेरा हमेशा ख्याल रखता है तथा हमेशा इज्जत से बात करता है। प्यार से बात करना उसकी बचपन से आदत है जो मुझे बहुत ज्यादा पसंद है।

वो हमेशा बूढ़े व्यक्तियों की सहायता करता है तथा उनकी सेवा करता है तथा दूसरे बच्चो को भी यही शिक्षा देता है की हमे हमेशा अपने बढ़ो का आदर और सम्मान करना चाहिए।

अंत में यही कहना चाहूंगा कि मनीष जैसा दोस्त मुझे हर जन्म में मिले। I Love You Manish.

मुझे उम्मीद है दोस्तों आपको Essay On My Best Friend In Hindi पसंद आया होगा। यदि आपकी परीक्षा में भी प्रिय दोस्त के ऊपर निबंध आये तो आप इसी निबंध को लिख सकते है। आप चाहो तो मेरे दोस्त की जगह अपने सच्चे मित्र का नाम ऐड कर सकते है।

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